Crop Spray & fertilizer Specification
आप जानते है ग्लेडियोलस एक बहुत ही सुन्दर फूल है जो सबसे ज्यादा लोकप्रिय फूलों में से एक है। इसके पौधो की ऊंचाई 2 से 8 फीट तक होती है। यह एक सदाबाहार फूल का पौधा है जिसके पत्ते तलवार जैसे,फूल का बाहरी हिस्सा चिमनी के जैसे मुड़े हुए और शाखाएं चम्मच की तरह होती है। इसके फूल अक्टूबर-मार्च के महीने में खिलते हैं। इससे कई प्रकार के फूल बनते हैं जैसे गुलाबी से लाल, हल्के जामुनी से सफेद, सफेद से क्रीम और संतरी से लाल आदि। यह कई बीमारीयों जैसे ज़ुकाम, दस्त, फफूंद संक्रमण और गर्दन तोड़ बुखार आदि के इलाज के लिए प्रयोग किया जाता है। भारत में पंजाब, हरियाणा, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र आदि मुख्य उत्पादन क्षेत्र है।
Weeding & Irrigation
खरपतवार नियंत्रण
खरपतवार की रोकथाम के लिए आवश्यकता अनुसार समय-समय पर निराई-गुड़ाई करना चाहिए।
सिंचाई
सिंचाई मिट्टी और जलवायु के आधार पर और आवश्यकता अनुसार करें, हली सिंचाई घनकंदों के अंकुरण के बाद करनी चाहिए, इसके बाद सर्दियों में 10-12 दिन के अंतराल तथा गर्मियों में 5-6 दिन के अंतराल पर करनी चाहिए।
Harvesting & Storage
फसल की कटाई
घनकंदों की बुवाई के पश्चात अगेती किस्मों में लगभग 60-65 दिनों में, मध्य किस्मों 80-85 दिनों तथा पछेती किस्मों में 100-110 पुष्प उत्पादन शुरू हो जाता है। पुष्प दंडिकाओं को काटने का समय बाजार की दूरी पर निर्भर करता है।
कटाई के बाद
तुड़ाई के बाद ताज़े फूलों को गत्ते के बक्सों में स्टोर किया जाता है। इन बक्सों को नज़दीकी मंडियों में व्यापार के लिए भेजा जाता है।
कंदों की खुदाई
पौधों से फूल काटने के 5 सप्ताह बाद पौधे सूख जाए तो कंदों को नन्ही कंदों के साथ खोद कर निकाल ले व बड़ी को अलग करें। कंदों की खुदाई से 2 से 3 सप्ताह पहले सिंचाई बंद कर देनी चाहिए।
भंडारण
कंदों की खुदाई के बाद उन्हें एक सप्ताह तक छाया में सुखाने के बाद बाविस्टिन 0.2 प्रतिशत के घोल में 15 से 30 मिनट डुबोने के बाद सुखाकर हवादार स्थान पर शीतग्रह में भंडारण करें।